
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को बजट सत्र के दूसरे दिन संसद भवन परिसर में मीडिया को संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने कहा कि बुधवार को राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू ने अपने अभिभाषण में कई महत्वपूर्ण संदेश दिए थे. उम्मीद है कि बजट सत्र के दौरान सभी सांसद उनके इस संदेश पर अमल करेंगे. उन्होंने कहा कि भारत ने 21वीं का एक चौथाई हिस्सा पूरा कर लिया है. यह बजट सत्र बहुत अहम होने वाला है. प्रधानमंत्री ने कहा कि इस बार बतौर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण नौवीं बार बटज पेश करेंगी.
पीएम ने कहा कि उनकी सरकार लॉन्ग टर्म सॉल्युशन देने की ओर सरकार बढ़ रही है. हमारे हर निर्णय में राष्ट्र की प्रगति का उद्देश्य छिपा रहता है. हमारी योजनाएं ह्यूमन सेंट्रिक है. हम टेक्नोलॉजी को स्वीकार करेंगे और उसको बढ़ावा भी देंगे लिए मानव श्रम को कमतर नहीं होने देंगे. पीएम मोदी ने हाल में यूरोपीय संघ के साथ हुए फ्री ट्रेड एग्रीमेंट का जिक्र किया और कहा कि अब देश के निर्यातकों को क्वालिटी पर ध्यान देकर यूरोपीय संघ के सभी 27 देशों में भारत के प्रोडक्ट की पहचान बनानी होगी.
दुनिया के लिए भारत आशा की किरण
पीएम मोदी ने कहा कि सत्र और 2026 के प्रारंभ में आदरणीय राष्ट्रपति ने जो सांसदों से आकांक्षाएं रखी है मुझे पूरा विश्वास है सभी सांसदों ने उसे गंभीरता से लिया होगा. ये महत्वपूर्ण सत्र होता है क्योंकि ये बजट सत्र है. 21वीं सदी के पहला एक चौथाई हिस्सा बीत चुका है, 2047 विकसित भारत का कदम बढ़ रहा है. पीएम ने कहा कि उनकी सरकार रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म पर फोकस करती है और इस दिशा में लगातार काम हो रहा है.
