
यूपी में अगले साल होने पंचायत चुनाव में फर्जी मतदान को रोकने के लिए निर्वाचन आयोग ने दो बड़े फैसले लिए हैं. इस बार पंचायत चुनाव में तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा, ताकि फर्जी मतदान किस संभावना को पूरी तरह से खत्म किया जा सके. इस बार हर मतदाता का फेसियल रिकग्निशन होगा और हर मतदाता का स्टेट वोटर नंबर होगा.
लखनऊ में प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए राज्य निर्वाचन आयुक्त आरपी सिंह ने बताया कि तकनीत के इस्तेमाल से फर्जी मतदान को रोका जाएगा. यह चुनाव प्रक्रिया में अब तक का सबसे बड़ा बदलाव होगा। इसके तहत हर मतदान केंद्र पर मतदाता के चेहरे की पहचान की जाएगी। अगर कोई व्यक्ति दूसरे की जगह वोट डालने की कोशिश करेगा तो सिस्टम उसे तुरंत पकड़ लेगा.
मतदाता का होगा स्टेट वोटर नंबर
चुनाव आयुक्त ने बताया कि इस बार पंचायत चुनाव में हर मतदाता को विशिष्ट स्टेट वोटर नंबर अलॉट किया जाएगा. यह विशेष मतदाता नंबर डाटा प्रबंधन में त्रुटियों को ख़त्म करेगा. उन्होंने बताया कि अगर एक ही व्यक्ति के दो जगह वोटर लिस्ट में नाम हैं तो इस स्टेट वोटर नंबर से उसकी तुरंत पहचान हो जाएगी।
