
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में कहा है कि सिर्फ इस आधार पर यह मान लेना कि सड़क दुर्घटना में जान गंवाने वाले 12वीं के छात्र की कोई इनकम नहीं थी, सही नहीं है. इसी टिप्पणी के साथ कोर्ट ने सड़क हादसे में जान गंवाने वाले 22 वर्षीय छात्र के परिवार को दिए गए मुआवजे की राशि में बड़ा इजाफा किया है.
न्यायमूर्ति संदीप जैन मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण (MACT) के उस आदेश के खिलाफ दायर अपील पर सुनवाई कर रहे थे, जिसमें पीड़ित परिवार को केवल 2.60 लाख रुपये का मुआवजा दिया गया था.
