
देश के सबसे बड़े धार्मिक और सांस्कृतिक समागम ‘माघ मेला 2026’ में मौनी अमावस्या के पावन पर्व पर आस्था का ऐसा विराट दृश्य देखने को मिला, जिसने इतिहास के तमाम पुराने रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए. रविवार को त्रिवेणी की रेती पर भक्ति का ऐसा सैलाब उमड़ा कि जिधर नजर गई, उधर केवल श्रद्धालु ही नजर आए. आंकड़ों के मुताबिक, इस वर्ष मौनी अमावस्या पर करीब 5 करोड़ श्रद्धालुओं ने संगम में पुण्य की डुबकी लगाई. यह संख्या प्रशासन के अनुमानों से कहीं अधिक रही
