
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान में चल रहे प्रदर्शन को समर्थन दे रहे हैं. लेकिन उनके अपने देश में चल रहे प्रदर्शन पर वह चुप हैं. अमेरिका के कैलिफोर्निया राज्य में इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट यानी ICE के खिलाफ गुस्सा सड़कों पर साफ नजर आ रहा है. राजधानी सैक्रामेंटो से लेकर सोनोरा शहर तक और सैन फ्रांसिस्को से लॉस एंजिल्स तक हजारों लोग एक साथ विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए. इन प्रदर्शनों ने साफ कर दिया कि इमिग्रेशन एजेंसी को लेकर आम लोगों के भीतर गहरा असंतोष बढ़ता जा रहा है. इन प्रदर्शनों को ‘ICE आउट फॉर गुड’ नाम दिया गया था. आयोजन कई सामाजिक संगठनों ने मिलकर किया था. इनमें अमेरिकन सिविल लिबर्टीज यूनियन और 50501 मूवमेंट जैसे संगठन शामिल थे.
कैसे हो रहा प्रदर्शन?
आयोजकों का कहना है कि ICE की कार्रवाई अब सिर्फ कानून लागू करने तक सीमित नहीं रही, बल्कि यह डर और हिंसा का प्रतीक बन चुकी है. लॉस एंजिल्स के पास स्थित पासाडेना शहर में सिटी हॉल के बाहर करीब 500 लोग जमा हुए. प्रदर्शनकारियों ने कारों के हॉर्न बजाकर और तालियां बजाकर विरोध दर्ज कराया. लोग जोर जोर से नारे लगा रहे थे- ‘नो ICE, नो KKK, नो फासीवादी अमेरिका’. माहौल गुस्से और आक्रोश से भरा हुआ था, लेकिन लोग शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रख रहे थे.
