
बांग्लादेश में छात्र आंदोलन से उभरे प्रमुख मंच इंकलाब मंच (Inqilab Moncho) ने साफ चेतावनी दी है कि अगर उसके संयोजक शरीफ उस्मान हादी की हत्या में जल्द न्याय नहीं मिला, तो वह मौजूदा अंतरिम सरकार को हटाने के लिए जन आंदोलन शुरू करेगा. यह चेतावनी सोमवार को ढाका के शाहबाग स्थित ‘शहीद हादी चत्तर’ पर आयोजित एक आपात प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी गई. इंकलाब मंच के सदस्य सचिव अब्दुल्ला अल जाबेर ने आरोप लगाया कि हादी के अंतिम संस्कार के बाद दिया गया 24 घंटे का अल्टीमेटम खत्म हो चुका है, लेकिन गृह सलाहकार या संबंधित एजेंसियों की ओर से हत्या के आरोपियों की गिरफ्तारी में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया. उन्होंने कहा कि गृह मंत्रालय की ब्रीफिंग में न तो गृह सलाहकार और न ही उनके विशेष सहायक की मौजूदगी यह दिखाती है कि सरकार इस मामले को गंभीरता से नहीं ले रही.
जाबेर ने आरोप लगाया कि कानून और गृह मामलों से जुड़े सलाहकार जवाबदेही से बचने की कोशिश कर रहे हैं. उन्होंने मांग रखी कि हादी हत्याकांड के लिए तुरंत एक स्पीडी ट्रायल ट्रिब्यूनल बनाया जाए और जांच की पारदर्शिता के लिए FBI या स्कॉटलैंड यार्ड जैसी अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों की मदद ली जाए. इंकलाब मंच ने देश की खुफिया एजेंसियों पर भी सवाल उठाए. जाबेर ने कहा कि जनता के पैसे से चलने वाली एजेंसियां अब तक हत्यारों की पहचान करने में नाकाम रही हैं. उन्होंने सिविल और मिलिट्री इंटेलिजेंस में मौजूद कथित ‘अवामी सहयोगियों’ की पहचान और गिरफ्तारी की मांग भी की.
