
संगम की रेती पर सजे माघ मेले के सबसे बड़े और महत्वपूर्ण स्नान पर्व ‘मौनी अमावस्या’ के अवसर पर आज आस्था का अभूतपूर्व नजारा देखने को मिला. कड़ाके की ठंड और घने कोहरे को मात देते हुए देश-दुनिया से आए करोड़ों श्रद्धालुओं ने गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती के पावन संगम में डुबकी लगाई. प्रशासन का अनुमान है कि आज यह आंकड़ा 5 करोड़ के पार जा सकता है.
