
अंधेरा अभी पूरी तरह छंटा भी नहीं था बॉर्डर की सड़क पर ट्रकों की रफ्तार तेज थी. इंजन की आवाज दूर तक गूंज रही थी. पश्चिम बंगाल से ओडिशा में दाखिल होते ही तीन ट्रक जैसे किसी मिशन पर हों धर्राटे काटते हुए चली जा रही थी. ड्राइवरों को भरोसा था कि सब ठीक रहेगा. लेकिन उन्हें अंदाजा नहीं था कि हर मूवमेंट पर नजर रखी जा रही है. जैसे ही ये ट्रक बालासोर जिले के लक्ष्मणनाथ टोल गेट के पास पहुंचे सप्लाई विभाग की टीम हरकत में आ गई. कुछ ही मिनटों में पूरा खेल पलट गया. ट्रक रुके, कागजात मांगे गए और फिर खुला बड़ा राज.
