
यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमीशन (UGC) के नए इक्विटी रेगुलेशंस 2026 को लेकर देशभर में बहस तेज हो गई है. देश के अलग-अलग राज्यों में इसके खिलाफ लोगों द्वारा विरोध प्रदर्शन भी देखने को मिला. वहीं, 1 फरवरी को करणी सेना समेत कई संगठनों ने भारत बंद का ऐलान किया है. इसी बीच सुप्रीम कोर्ट आज, गुरुवार 29 जनवरी को UGC के इन नए नियमों की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली तीन याचिकाओं पर सुनवाई करेगा. यह मामला ऐसे समय पर अदालत पहुंचा है, जब देशभर में इन नियमों को लेकर समर्थन और विरोध, दोनों देखने को मिल रहा है.
CJI ने सभी तकनीकी कमियों को दूर करने को कहा
दरअसल, बुधवार को एक्टिविस्ट और एंटरप्रेन्योर राहुल देवान की ओर से उनके वकील पार्थ यादव ने मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत के समक्ष याचिका का तत्काल उल्लेख किया. वकील ने दलील दी कि अगर इन नियमों को मौजूदा स्वरूप में लागू किया गया, तो इससे भेदभाव को बढ़ावा मिल सकता है और इस पर तुरंत न्यायिक हस्तक्षेप जरूरी है. इस पर CJI सूर्यकांत ने याचिका से जुड़ी सभी तकनीकी कमियां दूर करने को कहा, ताकि मामले को जल्द सूचीबद्ध कर सुनवाई की जा सके.
