
रूस-यूक्रेन के युद्ध को रोकने के लिए कवायद लगातार चल रही है. जहां एक तरफ शांति मसौदे पर बात के लिए जेलेंस्की और ट्रंप की मुलाकात हुई थी, वहीं अब यूक्रेनी राष्ट्रपति ने यूरोपीय देशों के साथ मुलाकात की. इस मीटिंग से उन्हें जो सबसे बड़ा फायदा हुआ है, वो ये है कि ब्रिटेन और फ्रांस ने एक ऐसे समझौते पर सहमति जताई है, जिसके तहत रूस और यूक्रेन के बीच युद्धविराम होने के बाद दोनों देश यूक्रेन में अपने सैनिक तैनात कर सकते हैं. इस संबंध में दोनों देशों ने एक डिक्लेरेशन ऑफ इंटेंट पर दस्तखत भी किए हैं यानि ये लिखित तौर पर कहा गया है.
पेरिस में यूक्रेन और उसके सहयोगी देशों की बैठक के बाद ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने कहा कि युद्धविराम के बाद ब्रिटेन और फ्रांस यूक्रेन में सैन्य ठिकाने बनाएंगे. इन ठिकानों में हथियारों और सैन्य उपकरणों के लिए सुरक्षित सुविधाएं होंगी, ताकि भविष्य में रूस की किसी भी आक्रामक कार्रवाई को रोका जा सके. ये समझौता जेलेंस्की की उस आशंका को दूर करने वाला है, जिसमें वे लगातार इस बात पर चिंता जताते रहे हैं कि रूस सीजफायर के बाद भी यूक्रेन पर सैन्य कार्रवाई कर सकता है.
