
कंगाल पाकिस्तान अब फटेहाली की दहलीज पर पहुंच चुका है. शाहबाज शरीफ के देश के पास अब इतना भी पैसा नहीं है कि जरूरी प्रोजेक्ट को पूरा किया जा सके. फंड की भीषण कमी से जू्झ रहे पाकिस्तान को एशियन डेवलपमेंट बैंक ( ADB) ने थोड़ी राहत पहुंचाई है. पाकिस्तान और ADB के बीच एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े दो बड़े प्रोजेक्ट को लेकर करार हुआ है. इसके तहत ADB इस्लामाबाद को 730 मिलियन अमेरिकी डॉलर (₹6553 करोड़ – भारतीय रुपये के हिसाब से) मुहैया कराएगा. बता दें कि पाकिस्तान लंबे समय से बिजली की किल्लत से जूझ रहा है. पैसों की कमी के चलते कई पावर प्रोजेक्ट अधर में लटके हुए हैं. चीन के लोन से चल रहे पावर प्रोजेक्ट पर भी काले बादल मंडराने लगे हैं. हालात ऐसे हैं कि पाकिस्तान अपने यार चीन से लिए कर्ज का ब्याज तक नहीं चुका पा रहा है.
दरअसल, ADB ने पाकिस्तान के साथ एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने और सरकारी संस्थानों में सुधार के लिए 730 मिलियन अमेरिकी डॉलर की लागत वाली दो अहम परियोजनाओं के समझौतों पर हस्ताक्षर किए हैं. इन परियोजनाओं का उद्देश्य देश की बिजली व्यवस्था को सुदृढ़ बनाना और सरकारी स्वामित्व वाले उपक्रमों (एसओई) के कामकाज में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ाना है. इन समझौतों पर पाकिस्तान के आर्थिक मामलों के विभाग के सचिव मोहम्मद हुमैर करीम और एडीबी की पाकिस्तान में कंट्री डायरेक्टर एम्मा फैन ने हस्ताक्षर किए. इस मौके पर आयोजित समझौता समारोह में दोनों पक्षों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे. आर्थिक मामलों के विभाग की ओर से जारी बयान में बताया गया कि ये समझौते पाकिस्तान के विकास लक्ष्यों की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं.
